April 16, 2021

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वन विभाग में ट्रांसफर का जिन्न आया बाहर: विधायक सिफारिस पर “न बड़गैय्या हटे न चन्देले आये” अब डीएफओ के ट्रांसफर से विधायक हुए हतास… अधिकारियों ने विधायक को दिखाई अपनी पावर

रायपुर/केशकाल, 10 दिसंबर 2020, वन विभाग में पोस्टिंग और ट्रांसफर का जिन्न पीछा नहीं छोड़ रहा है। ट्रांसफर पोस्टिंग को लेकर विभाग की लगातार फजीहत हो रही है। छत्तीसगढ़ वन विभाग में बड़े पैमाने पर आईएफस के तबादले हुए हैं, जिसके चलते कांकेर वन वृत्त के अंतर्गत केशकाल वनमण्डलाधिकारी धम्मशील गणवीर का ट्रांसफर दुर्ग हो गया है, वहीं उनकी जगह रायपुर वनमण्डल के डीएफओ बीएस ठाकुर के केशकाल लाया गया हैं। लेकिन ये ट्रांसफाफर अब विभाग और क्षेत्रीय विधायक के गले की हड्डी बन गया है। क्योकि स्थानीय जनता डीएफओ धम्मशील गणवीर के अच्छे कार्य कि वजह से ट्रांसफर के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।

स्थानीय विधायक की सिफारिस पर “न बड़गैय्या हटे न चन्देले आये” लेकिन मंत्री को फ़ोन करके डीएफओ को ट्रांसफर नहीं करने कहा वो जरूर चले गए
एसजी न्यूज़ से चर्चा करते हुए केशकाल से कांग्रेस विधायक व बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष संतराम नेताम ने कहा, मैंने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर वन वृत्त कांकेर के सीसीएफ एसएसडी बड़गैंया के कार्यों से नाखुश होकर उन्हें हटाने के लिए पत्र लिखा था, कुछ दिनों बाद निचले स्तर के अधिकारियों और ठेकेदारों की शिकायत पर केशकाल डीएफओ धम्मशील गणवीर को हटाकर उनकी जगह आर के चन्देले को स्थानांतरित करने के लिए लिखा था।

डीएफओ धम्मशील गणवीर अच्छे अधिकारी हैं बाद में जनभावना और उनके कार्य को देखते हुए मंत्री जी को फ़ोन करके ट्रांसफर नहीं करने को कहा था लेकिन ट्रांसफर कैसे हो गया मुझे नहीं पता, मै पता करवाता हूँ। इस घटना से एक बात तय है कि विधायक या जनप्रतिनिधियों की नहीं अधिकारियों की ही ट्रांसफर पोस्टिंग में चल रही है। जिन बीएस ठाकुर का केशकाल ट्रांसफर किया गया वो भी एसएसडी बड़गैय्या के करीबी बताये जाते है, उनके साथ काम करने का अच्छा अनुभव है। बड़गैय्या तो हटे नहीं उनके करीबी जरुउर विधायक के क्षेत्र में आ गए।

ज्ञात हो कि डीएफओ धम्मशील के ट्रांसफर का क्षेत्र में विरोध उनके अच्छे कार्यों के कारण हो रहा है. डीएफओ से आदिवासी ख़ुश थे खुश होने कि वजह आदिवासियों को समूहों में जोड़कर उन्हें काम पर लगाने की पहल धम्मसील लगातार कर रहे थे. डीएफओ के तबादले की खबर सुन कर स्थानीय वन समितियां व ग्रामीण नाखुश नजर आये। ट्रांसफर की खबर सुनते ही अगले दी खल्लारी के ग्रामीण सड़क पर उतर आए और डीएफओ का ट्रांसफर रोकने हेतु सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की.. बड़ेराजपुर ब्लॉक के विभिन्न ग्रामवासियों ने मिलकर तबादला रुकवाने हेतु मुख्यमंत्री को पत्र भी लिखा है भविष्य में व्यापक पैमाने पर धरना प्रदर्शन करने की चेतावनी भी दी है।

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